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समाजसेवा के नाम पर दरिंदगी: पूर्व सैनिक गिरफ्तार,नौकरी दिलाने के नाम पर करता रहा गैंगरेप,कोर्ट से राहत नही

 




प्रयागराज।।देशभक्ति और समाजसेवा का मुखौटा ओढ़े एक पूर्व सैनिक की करतूत ने इंसानियत को शर्मसार कर दिया। एक दलित महिला की मदद करने के बहाने उसे जाल में फंसाकर उसकी अस्मिता से खिलवाड़ किया गया। विरोध करने पर उसे ब्लैकमेल और धमकियों का सामना करना पड़ा। आखिरकार आरोपी को उसके कर्मों की सजा मिली और उसे जेल भेज दिया गया। जिला न्यायालय से भी उसे कोई राहत नहीं मिली।


       नौकरी का झांसा देकर रचा गया षड्यंत्र


पीड़िता के अनुसार, उसकी मुलाकात सितंबर 2025 में सिविल लाइंस स्थित एक निजी बीमा कार्यालय में श्याम सुंदर पटेल से हुई थी। खुद को कारगिल युद्ध का पूर्व सैनिक बताने वाले आरोपी ने महिला को नौकरी दिलाने का झांसा दिया और अपने कार्यालय बुलाया।

यहीं से शुरू हुआ शोषण का सिलसिला

आरोपी ने साथियों सहित महिला के साथ दुष्कर्म किया और इस दौरान उसका वीडियो भी बना लिया।

वीडियो बनाकर ब्लैकमेल, साथियों संग किया गैंगरेप

तहरीर के मुताबिक, आरोपी ने उस वीडियो को हथियार बनाकर महिला को लगातार ब्लैकमेल किया। बदनाम करने की धमकी देकर उसने कई बार अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर सामूहिक दुष्कर्म किया।


ब्लैकमेल का हाथियार ही बना उसके खिलाफ सबूत । पुलिस पर निष्क्रियता के आरोप, सबूत के बाद हुई कार्रवाई


पीड़िता का आरोप है कि विरोध करने पर आरोपी व्हाट्सएप पर अश्लील वीडियो भेजकर उसे डराता और दबाव बनाता था। आरोपी ने व्हाट्सएप पर चित्र भेज कर धमकी दी जिसके बाद महिला ने सबूत सहित पुलिस के पास पेश किया।


शुरुआत में पीड़िता ने पुलिस से मदद मांगी, लेकिन आरोपी के रसूख और पूर्व सैनिक होने के कारण कार्रवाई में ढिलाई बरती गई।हालांकि, जब महिला ने ठोस सबूत पेश किए, तब पुलिस हरकत में आई और आनन-फानन में आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।

कोर्ट से नहीं मिली राहत

गंभीर आरोपों से घिरे आरोपी को जिला न्यायालय से भी कोई राहत नहीं मिली। 

अन्य आरोपियों की तलाश जारी

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है और उनकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।

फिलहाल, जांच को आगे बढ़ाते हुए मामले को सिविल लाइंस थाने में ट्रांसफर कर दिया गया है। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद पूरे घटनाक्रम के सभी तथ्य सामने लाए जाएंगे।

गंभीर धाराओं में दर्ज मुकदमा

आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म, गैंगरेप, ब्लैकमेलिंग और एससी/एसटी एक्ट सहित कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।

 यह मामला एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि समाजसेवा के नाम पर छिपे ऐसे चेहरों की पहचान कैसे हो और पीड़ितों को समय पर न्याय कैसे मिले।आरोपी की तरफ से इस मामले में कोई जवाब नहीं आया।