युवाओं के स्वरोजगार को गति देने पर योगी सरकार का फोकस, 1.35 लाख को मिल चुका ऋण
योगी सरकार की महत्वाकांक्षी ‘मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान’ की प्रदेश स्तरीय समीक्षा बैठक सम्पन्न
मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना केवल योजना नहीं, रोजगार सृजन मिशन
15 मार्च 2026 तक शत-प्रतिशत लक्ष्य पूर्ति के निर्देश, पारदर्शिता पर विशेष जोर
सीएम युवा मोबाइल ऐप व यूपी मार्ट पोर्टल के माध्यम से उद्यमिता को मिलेगी नई रफ्तार
लखनऊ ।।योगी सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना की प्रदेश स्तरीय समीक्षा बैठक एवं क्षमता वर्धन कार्यशाला शुक्रवार को इन्दिरा गांधी प्रतिष्ठान, लखनऊ में सम्पन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता अवनीश अवस्थी, सलाहकार, मुख्यमंत्री तथा आलोक कुमार, अपर मुख्य सचिव, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम एवं निर्यात प्रोत्साहन विभाग द्वारा संयुक्त रूप से की गई।
बैठक में के. विजयेन्द्र पांडियन, आयुक्त एवं मिशन निदेशक, राज कमल यादव, प्रबन्ध निदेशक, यूपीएसआईसी, सर्वेश्वर शुक्ला, राज्य नोडल अधिकारी, संदीप प्रकाश, डीजीएम, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, सुधीर गुप्ता, सीजीएम, इंडियन बैंक सहित प्रदेश के समस्त जनपदों के अपर/संयुक्त आयुक्त उद्योग, उपायुक्त उद्योग, सीएम युवा फेलोज, बैंकों के नोडल अधिकारी एवं रैम्प योजनान्तर्गत डिस्ट्रिक्ट मैनेजर उपस्थित रहे।
मिशन निदेशक द्वारा अपने उद्बोधन में कहा गया कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान केवल एक योजना नहीं बल्कि योगी सरकार का रोजगार सृजन मिशन है, जिसका उद्देश्य नवाचार आधारित परियोजनाओं के माध्यम से युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ना है। उन्होंने बताया कि योजना के प्रारम्भ से अब तक 1.35 लाख युवाओं को ऋण वितरित किया जा चुका है तथा 15 मार्च 2026 तक शत-प्रतिशत लक्ष्य पूर्ति सुनिश्चित करने हेतु प्रत्येक दिवस की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए। साथ ही, संयुक्त आयुक्त उद्योग एवं उपायुक्त उद्योग को क्षेत्रीय भ्रमण कर लंबित प्रकरणों की गहन समीक्षा कर समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए गए। सीएम युवा मोबाइल ऐप के प्रचार-प्रसार को बढ़ाकर न्यूनतम 50 हजार लोगों तक पहुँच सुनिश्चित करने पर भी बल दिया गया।
राज्य नोडल अधिकारी द्वारा योजना के अंतर्गत जनपदवार एवं बैंकवार अद्यतन प्रगति, लंबित व अस्वीकृत आवेदनों की स्थिति, गुणवत्तापूर्ण आवेदनों में वृद्धि तथा आगामी रोडमैप पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया। एमडी यूपीएसआईसी द्वारा रैम्प योजना एवं नॉलेज पार्टनर समाधान समिति के माध्यम से प्रशिक्षण मॉड्यूल में किए गए नवीन संशोधनों की जानकारी दी गई।
अपर मुख्य सचिव ने कहा कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योगी सरकार की शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने वित्तीय वर्ष 2025-26 की शेष अवधि में लक्ष्यों की प्राप्ति हेतु पारदर्शी लाभार्थी चयन, गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण, इनोवेटिव परियोजनाओं तथा योजना के अंतर्गत विकसित ऑनलाइन टूल्स के प्रभावी उपयोग पर विशेष जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों एवं सीएम युवा फेलोज को फील्ड विजिट, तहसीलवार कैम्प एवं नियमित समीक्षा के निर्देश दिए तथा योजना के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के संकेत दिए। साथ ही, मिडिलमैन एवं दलालों पर कठोर कार्रवाई कर नकारात्मक प्रचार को रोकने के निर्देश भी दिए गए।
सलाहकार मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि यह योजना स्वयं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अत्यंत महत्वाकांक्षी पहल है। उन्होंने योजना के अंतर्गत 72 प्रतिशत लक्ष्य पूर्ति पर संतोष व्यक्त करते हुए शेष लक्ष्यों को शीघ्र पूर्ण करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने जिलाधिकारियों को नियमित समीक्षा, महिलाओं की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करने, 50 हजार ऋण लाभार्थियों का इम्पैक्ट असेसमेंट, पश्चिमांचल में मंत्री स्तरीय समीक्षा बैठक तथा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले सीएम युवा फेलोज को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए। साथ ही कमजोर प्रदर्शन करने वाले जनपदों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए। आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 में अप्रैल माह में पुनः समीक्षा करने तथा प्रशिक्षण मॉड्यूल को कर्मयोगी प्लेटफॉर्म से जोड़ने के निर्देश दिए गए।
द्वितीय सत्र में सीएम युवा मोबाइल ऐप, सीएम युवा पोर्टल एवं यूपी मार्ट पोर्टल पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया, जिसमें आवेदन से लेकर ऋण वितरण, उद्योग स्थापना के छह माह बाद सेल्फ वेरिफिकेशन, बैंक एवं डीआईसी स्तर पर सत्यापन तथा प्रगति मॉनिटरिंग की प्रक्रिया समझाई गई। यूपी मार्ट पोर्टल के माध्यम से मशीनरी सप्लायर्स को एकीकृत प्लेटफॉर्म पर लाने पर भी चर्चा की गई।कार्यक्रम का समापन प्रश्नोत्तर सत्र के उपरांत राज्य नोडल अधिकारी सर्वेश्वर शुक्ला द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया गया।







