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बलिया : वाह रे ,आईजीआरएस का आदेश : ईओ बलिया के आगे भर रहा है पानी , डीएम बलिया को भी नही है कोई परेशानी

वाह रे ,आईजीआरएस का आदेश : ईओ बलिया के आगे भर रहा है पानी , डीएम बलिया को भी नही है कोई परेशानी

बलिया 8 फरवरी 2019 ।। प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री जी के कार्यालय से जारी आईजीआरएस के आदेश को जिलो में कार्यरत अधिकारी कितना अहमियत देते है इसका नजारा है शिकायत संख्या 151931190019191,  जिसमे  मुख्यमंत्री जनता दर्शन के प्रभारी अधिकारी विश्वामित्र सिंह के दिनांक 30 जनवरी के आदेश के किहश्र से देखा जा सकता है ।


इस आदेश में श्री सिंह ने इस शिकायत के सम्बंध में एक सप्ताह के अंदर अपनी रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया है । लेकिन श्री सिंह साहब को शायद पता ही नही कि जो जिलाधिकारी अपने आदेश के द्वारा अक्टूबर माह से एक मुहल्ले की जाम नाली की सफाई न करा पा रहे हो , क्या वे नगर पालिका बलिया के मनबढ़ , राजनैतिक रूप से ऊंची पहुंच वाले , नगर पालिका में भ्रष्टाचार को प्रश्रय देने वाले ईओ डीके विश्वकर्मा से आईजीआरएस पोर्टल के माध्यम से तय सीमा में रिपोर्ट प्राप्त कर भेज सकते है क्या ? बता दे कि नगर पालिका बलिया में बाबुओ द्वारा दशकों से एक ही पटल पर कब्जा करके कार्य करने से घोर भ्रष्टाचार व्याप्त है । शासनादेश है प्रत्येक तीन साल में पटल बदल जाना चाहिये लेकिन सरकार चाहे किसी की हो , इन बाबुओ को बदलना या इनके खिलाफ जांच करने का आदेश नही हो सकता है । शिकायतकर्ता 26 दिसंबर 2017 से इन बाबुओ के पटल परिवर्तन और नगर पालिका के जलकल, सम्पति विभाग , कर विभाग में हुए भ्रष्टाचार की जांच के लिये आईजीआरएस के माध्यम से , रजिस्टर्ड पत्र के माध्यम से लगा हुआ है लेकिन लगभग आधा दर्जन बार अपने फर्जी आदेश के माध्यम से ईओ ने शिकायतों का निस्तारण करा कर शासन को गुमराह किया है लेकिन आजतक किसी उच्चाधिकारी की इतनी हिम्मत नही हुई कि इसके खिलाफ कार्यवाई कर सके । यही नही पिछले मार्च माह में अपनी समीक्षा बैठक के दौरान प्रभारी मंत्री बलिया/ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा जी ने गंगा नदी में गंदे पानी को गिराने वाले कटहर नाले के पानी को एक माह के अंदर गिरने से रोकने और शोधन करने का आदेश दिये थे , लेकिन देखिये ईओ बलिया कितना पावरफुल है कि 11 माह बीत जाने के वावजूद मंत्री जी के आदेश को ठंडे बस्ते में डालकर गंगा जी मे आज भी गन्दा पानी गिरने से नही रोक रहा है । यही नही अक्टूबर 2018 से वार्ड नम्बर 13 की बन्द नाली को साफ कराने के लिये निवेदन जिलाधिकारी , आयुक्त और नोडल अधिकारी से करते हुए आईजीआरएस के माध्यम से निवेदन किया जा रहा है लेकिन आदेशो के वावजूद आजतक सफाई नही हुई । तहसीलदार सदर स्वयं इस समस्या को देखकर ईओ से तत्काल सफाई कराने को कहे लेकिन इस अधिकारी पर किसी का जोर नही है । इसका तो कहना है कि कोई लाख शिकायत कर ले , शासन में मेरी इतनी पहुंच है कि कोई मेरा बाल भी बांका नही कर सकता है और यह बात इसके द्वारा आदेशो के उलंघन और फर्जी रिपोर्टो को शासन तक भेजने के कारण और इस पर कोई भी प्रतिकूल आदेश न होने से सही भी लग रहा है । अब देखना है कि इस बार की गई इस शिकायत का क्या हश्र होता है ?