Breaking News

जनपद में शुरू हुआ कालाजार सक्रिय रोगी खोज अभियान




पन्द्रह दिन से अधिक बुखार,हो सकता है कालाजार

कालाजार प्रभावित 11 ब्लॉकों में चल रहा है यह अभियान

बलिया।। जनपद में राष्ट्रीय कालाजार उन्मूलन कार्यक्रम के तहत 49 ग्रामों /वार्डों में मंगलवार से कालाजार संभावित लक्षण वाले मरीजों को खोजने के लिए एक्टिव केस डिटेक्शन( एसीडी) यानी सक्रिय रोगी खोज अभियान चलाया जा रहा है, जो 16 दिसंबर तक चलेगा। यह जानकारी जिला मलेरिया अधिकारी सुनील कुमार यादव ने दी है।






डीएमओ ने  बताया कि कालाजार प्रभावित जिले के 11 ब्लाक क्रमशः दुबहड़, हनुमानगंज,बांसडीह, रेवती, मुरली छपरा,मनियर, सोहांव, कोटवा,चिलकहर, पंदह और बेलहरी हैं जहाँ अभियान के सफलतापूर्वक संचालन के लिए विभाग ने सारी तैयारियां पूरी कर ली है। आशा कार्यकर्ताओं को निर्देशित किया गया है कि वह कालाजार प्रभावित ब्लॉकों में घर-घर जाकर सभी सदस्यों की स्क्रीनिंग करें और संभावित व्यक्ति पाए जाने पर ब्लॉक स्तरीय चिकित्सा अधिकारियों को सूचित करें।






उन्होंने बताया कि जनपद में जनवरी 2022 से अब तक कालाजार के 13 रोगी पाए गये हैं। जिसमें चार वीएल  ( बुखार वाला कालाजार के) और नौ पीकेडीएल  (चमड़ीवाला कालाजार) के मरीज हैं। किसी व्यक्ति को 15 दिन से अधिक बुखार आना, भूख नहीं लगना, खून की कमी, वजन घटना, त्वचा का रंग काला होना आदि कालाजार के लक्षण हो सकते हैं। यदि किसी व्यक्ति में ये लक्षण पाएँ जाएँ तो तत्काल अपने नजदीक के प्राथमिक और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और जिला चिकित्सालय पर निःशुल्क जांच कराकर पूरा इलाज कराएं।

उन्होंने बताया कि विसेरल लीशमैनियासिस (वीएल) यानि बुखार वाला कालाजार के मामले में जिला अस्पताल और पोस्ट कालाजार डर्मल लीशमैनियासिस (पीकेडीएल) यानि चमड़ी वाला कालाजार के केस में प्राथमिक/ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीजों का इलाज होता है। यह बीमारी एक बार ठीक होने पर लापरवाही न करें। यह बीमारी एक बार ठीक होने पर दोबारा से शुरू हो सकती है। इसमें चिकित्सक की सलाह बेहद आवश्यक है।