गोरखपुर मंडल को मिला नया नेतृत्व, इंद्र विक्रम सिंह ने संभाला कार्यभार; अनिल ढींगरा को भावभीनी विदाई
गोरखपुर।। गोरखपुर मंडल को गुरुवार को नया प्रशासनिक नेतृत्व मिल गया। वर्ष 2009 बैच के आईएएस अधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने मंडलायुक्त का कार्यभार विधिवत ग्रहण किया। पदभार संभालने से पहले सर्किट हाउस पहुंचने पर प्रशासनिक अधिकारियों ने उनका स्वागत किया और औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित किया। वहीं, लगभग तीन वर्ष एक माह तक गोरखपुर मंडल का नेतृत्व करने वाले वर्ष 2008 बैच के आईएएस अधिकारी अनिल ढींगरा को भावभीनी विदाई दी गई। शासन ने उनका स्थानांतरण उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद में आवास आयुक्त, निदेशक नगर भूमि सीमारोपण तथा आवास एवं शहरी नियोजन विभाग में सचिव के पद पर किया है।
सर्किट हाउस में नवागत मंडलायुक्त इंद्र विक्रम सिंह का स्वागत जिलाधिकारी दीपक मीणा, नगर आयुक्त अजय जैन, गोरखपुर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल, अपर आयुक्त जय प्रकाश, एडीएम सिटी गजेंद्र कुमार, एडीएम प्रशासन डॉ. वैभव शर्मा, सीआरओ हिमांशु वर्मा, सिटी मजिस्ट्रेट उत्कर्ष श्रीवास्तव सहित अनेक वरिष्ठ अधिकारियों ने किया। अधिकारियों ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका अभिनंदन किया और नए दायित्व के लिए शुभकामनाएं दीं। इसके बाद उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया।
कार्यभार ग्रहण करने के बाद इंद्र विक्रम सिंह ने कहा कि गोरखपुर मंडल प्रदेश के सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक क्षेत्रों में शामिल है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का गृह जनपद होने के कारण यहां विकास योजनाओं और प्रशासनिक कार्यों को और अधिक प्रभावी ढंग से लागू करना प्राथमिकता होगी। उन्होंने कहा कि सरकार की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं को तय समयसीमा में गुणवत्ता के साथ पूरा कराया जाएगा और विकास परियोजनाओं की नियमित समीक्षा कर बाधाओं को तत्काल दूर किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि गोरखपुर धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन की दृष्टि से भी महत्वपूर्ण शहर है। गोरखनाथ मंदिर सहित अन्य प्रमुख स्थलों पर आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है। यातायात व्यवस्था, स्वच्छता, पेयजल, जनसुविधाओं और नागरिक सेवाओं को और मजबूत बनाने के लिए संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य किया जाएगा।
नवागत मंडलायुक्त ने जनसुनवाई व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि आम नागरिकों की शिकायतों का समयबद्ध और पारदर्शी निस्तारण सुनिश्चित किया जाएगा। अधिकारियों को निर्देश दिए जाएंगे कि प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से लेकर उसका समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जवाबदेही, पारदर्शिता और टीमवर्क प्रशासन की कार्यशैली का आधार होंगे।
दूसरी ओर, मंडलायुक्त सभागार में आयोजित विदाई समारोह में निवर्तमान मंडलायुक्त अनिल ढींगरा को सम्मानपूर्वक विदाई दी गई। कार्यक्रम में जिलाधिकारी दीपक मीणा, मुख्य विकास अधिकारी शाश्वत त्रिपुरारी, नगर आयुक्त अजय जैन, गीडा के मुख्य कार्यपालक अधिकारी अनुज मलिक, जीडीए के उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल, अपर आयुक्तों, एडीएम, सीआरओ तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने उनके कार्यकाल के अनुभव साझा किए।
अधिकारियों ने कहा कि अनिल ढींगरा ने अपने कार्यकाल में विकास योजनाओं की नियमित समीक्षा, स्थलीय निरीक्षण और समयबद्ध क्रियान्वयन को प्राथमिकता दी। उनके नेतृत्व में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं को गति मिली और प्रशासनिक समन्वय मजबूत हुआ। वक्ताओं ने उनकी सरल कार्यशैली, सहज व्यवहार और टीम भावना की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को साथ लेकर कार्य करने की संस्कृति विकसित की।
जिलाधिकारी दीपक मीणा ने कहा कि अनिल ढींगरा के कार्यकाल में कई महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं को नई दिशा मिली। उन्होंने कहा कि उनके मार्गदर्शन में प्रशासनिक टीम ने समन्वित रूप से कार्य किया, जिसका लाभ विकास कार्यों में स्पष्ट रूप से दिखाई दिया। उन्होंने उनके सहयोग और नेतृत्व की सराहना करते हुए नई जिम्मेदारियों के लिए शुभकामनाएं दीं।
अपने संबोधन में अनिल ढींगरा ने कहा कि गोरखपुर में मिला सहयोग उनके लिए हमेशा यादगार रहेगा। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रशासनिक व्यवस्था की सफलता टीमवर्क पर निर्भर करती है और यहां प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी ने पूरी निष्ठा के साथ कार्य किया। उन्होंने जिलाधिकारी दीपक मीणा, गीडा के मुख्य कार्यपालक अधिकारी अनुज मलिक, नगर आयुक्त, मुख्य विकास अधिकारी तथा सभी विभागीय अधिकारियों के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से ही विकास कार्यों को गति मिल सकी।
उन्होंने कहा कि प्रशासनिक सेवा में प्रत्येक अधिकारी और कर्मचारी की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। यदि सभी ईमानदारी, समर्पण और समन्वय के साथ कार्य करें तो किसी भी लक्ष्य को समय पर प्राप्त किया जा सकता है। उन्होंने सभी अधिकारियों से जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने की अपील की।
गोरखपुर मंडल में प्रशासनिक बदलाव के साथ अब नई कार्यशैली और नई प्राथमिकताओं की शुरुआत हो गई है। एक ओर अनुभवी अधिकारी अनिल ढींगरा अपने नए दायित्वों की ओर अग्रसर हुए हैं, वहीं दूसरी ओर इंद्र विक्रम सिंह ने विकास परियोजनाओं को गति देने, जनसमस्याओं के त्वरित समाधान और पारदर्शी प्रशासन की प्रतिबद्धता के साथ मंडल की कमान संभाल ली है। प्रशासनिक हलकों में उम्मीद जताई जा रही है कि नए नेतृत्व में गोरखपुर मंडल विकास और सुशासन की दिशा में नई उपलब्धियां हासिल करेगा।










